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सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन के आव्हान पर “तूता मैदान गूंजा शिक्षकों के नारों से – लोरमी ब्लॉक ने दिखाया एकता का दम”7 सूत्रीय मांगों पर आर-पार की लड़ाई का ऐलान | “विश्व प्रसिद्ध पुरी जगन्नाथ रथ यात्रा: जब भगवान स्वयं भक्तों के बीच आते हैं। आस्था, संस्कृति और सनातन परंपरा का अद्भुत संगम।” | प्रेम प्रसंग के रंजिश में पिता और पुत्र ने ली युवक की जान, दोनों को आजीवन कारावास की सजा  | केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने जनदर्शन में सुनी आमजन की समस्याएं, त्वरित निराकरण के दिए निर्देश | मुकबधिर दिव्यांग के साथ बलात्कार करने वाले आरोपी को लोरमी पुलिस के द्वारा 48 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर भेजा गया जेल | भिक्षावृत्ति से हटाकर शिक्षा के माध्यम से ‘नट’ समुदाय को मुख्य धारा में लाने का प्रयास |
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संकट की घड़ी में स्कूल प्रबंधन बना सहारा, छात्रा को मिला जीवनदान

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संकट की घड़ी में स्कूल प्रबंधन बना सहारा, छात्रा को मिला जीवनदान

जितेन्द्र पाठक की रिपोर्ट


मुंगेली। जिले में बुधवार को हुई एक घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया था। पंडरिया रोड स्थित एसएलएस एकेडमिक हायर सेकेंडरी स्कूल की 10वीं कक्षा की छात्रा अचानक स्कूल की दूसरी मंजिल से नीचे आत्म हत्या करने की मनसा से कूद गई । हादसे के बाद विद्यालय प्रबंधन की तत्परता और जिम्मेदारी से छात्रा की जान बचाई जा सकी।

घटना के तुरंत बाद विद्यालय प्राचार्य और स्टाफ ने छात्रा को जिला अस्पताल मुंगेली पहुँचाया। स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए बिलासपुर अपोलो रेफर किया गया। वहीं, स्कूल प्रबंधक ने व्यक्तिगत जिम्मेदारी लेते हुए छात्रा को बेहतर इलाज हेतु रायपुर के रामकृष्ण केयर अस्पताल में भर्ती कराया। प्रबंधक द्वारा छात्रा के उपचार का संपूर्ण खर्च उठाया जा रहा है। वर्तमान में छात्रा खतरे से बाहर है।

शनिवार को रायपुर हॉस्पिटल में छात्रा के पिता धर्मेंद्र सिंह से बातचीत की तो उन्होंने कहा—
“विद्यालय प्रबंधन ने न सिर्फ मेरी बेटी को समय पर अस्पताल पहुँचाया बल्कि इलाज के लिए पूरी तरह से सहयोग भी किया जा रहा है इससे हमारे परिवार को बहुत बड़ा सहारा मिला। हम प्रबंधन के आभारी हैं।”

मिली जानकारी के अनुसार इस घटना की जानकारी मिलते ही जिला कलेक्टर कुंदन कुमार ने जांच टीम गठित की थी। जांच टीम ने रायपुर रामकृष्ण अस्पताल पहुँचकर छात्रा से मुलाकात की। छात्रा ने लिखित रूप में बताया कि उसने यह कदम निजी तनाव के चलते उठाया था और अपनी स्वेच्छा से कूदी थी इसमें विद्यालय का कोई दोष नहीं है।

विद्यालय स्टाफ और प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि त्रैमासिक परीक्षा के बाद छुट्टी होने के समय छात्रा अचानक रेलिंग से झूलकर कूद गई। स्टाफ ने तुरंत दौड़कर स्थिति संभाली और उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुँचाया।

           विद्यालय प्राचार्य का कहना

विद्यालय प्राचार्य दिलीप ताम्रकार ने कहा—
“हमारे लिए हर छात्र हमारे परिवार का हिस्सा है। घटना दुर्भाग्यपूर्ण है, लेकिन प्रबंधन और स्टाफ ने तुरंत कार्रवाई की। वर्तमान में छात्रा का संपूर्ण इलाज प्रबंधन की देखरेख में चल रहा है।”

Ashwani Agrawal
मुंगेली / लोरमी न्यूज़
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