
ब्युरो चीफ – जितेन्द्र पाठक
लोरमी – 26 फरवरी महाशिवरात्रि के दिन लोरमी के पावन स्थल शिवधाट नर्मदाकुण्ड में हजारों श्रद्धालुगण डुबकी लगायेगंे भगवान भोलेनाथ का करेगे पुजा अर्चना। इसी दिन से सात दिवसीय लोरमी मेला का होगा शुभारंभ होगा। मेला की तैयारी को लेकर लोरमी नगर पंचायत के नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारीयों द्वारा स्थल का निरीक्षण कर तैयारीयों को लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिया गया है।

26 फरवरी महाशिवरात्रि के दिन लोरमी नगर में महाशिवरात्रि के पावन बेला में पावन स्थल शिवधाट में माॅ नर्मदा नदी का उद्गम है जहाॅ महाशिवरात्रि के दिन हजारों श्रद्धालुगण सुबह 3 बजे से माॅ नर्मदा नदी के उदगम स्थल में बने कुण्ड में डुबकी लगाने के लिए पहॅूचते है नगर एवं आसपास के क्षेत्र से भारी संख्या में श्रद्धालु यहाॅ डुबकी लगाने एवं शिवधाट में स्थित स्वयं भू भोलेनाथ जी का दर्शन कर पूजा अर्चना करते है, महाशिवरात्रि के दिन से लोरमी नगर का मेला प्रारंभ होता है जो पूरे सात दिनों तक बड़े धूमधाम से चलता है। लोरमी नगर पंचायत द्वारा यहाॅ सात दिवसीय मेला का आयोजन की व्यवस्था किया जाता है जिसकी देखरेख स्वयं नगर पंचायत अध्यक्ष व पार्षदगण, अधिकारी के द्वारा किया जाता है मेला को लेकर पूरा व्यवस्था लाईट, पानी, स्वास्थ विभाग, पुलिस विभाग आदि की पूरी तरह व्यवस्था किया जा चॅूका है दुकानों के लिए व्यापारीयों को जगह बाॅट दिया गया इस मेले में आकर्षण का केन्द्र हवाई मौत का कुॅआ, झूला, टोरा-टोरा, ब्रेक डाॅस, ड्रेगन रेल अन्य कई आकर्षण का केन्द्र बना हुआ है उक्त मेले के आयोजन से लोरमीवासी में काफी खुशी का महौल है लोरमी मेला घुमने लोरमी सहित आसपास तखतपुर, मॅुगेली, कोटा, पण्डरिया से लोग पहॅूचते है बुधवार और रविवार लोरमी बाजार होने के कारण इस दिन मेला में काफी भीड रहता है कि लोगों को पैर रखने का जगह नहीं रहता।

शिवधाट व राजाबाड़ा स्थित स्वयं भू भोलेनाथ है आस्था का केन्द्र –
शिवधाट में स्थित स्वयं भू भोलेनाथ व राजाबाड़ा के पास स्थित शिवमंदिर लोगों में काफी आस्था का केन्द्र महाशिवरात्रि के दिन विशेष रूप से श्रद्धालु पूजा अर्चना करते है महाशिवरात्रि के दिन श्रद्धालु बिल्वपत्र, बेलफल, दूध, मधुरस, धतूरा, धतूराफल, समीपत्र, सफेद पुष्प, गन्ने का रस, भांग आदि अर्पित कर पूजा अर्चना किया जाता है।


ये शुभ फल –
महिलाओं के बीच महाशिवरात्रि के पर्व को लेकर एक अलग मान्यता है, कहा जाता है कि महाषिवरात्रि के दिन पूजा उपवास करने से भगवान षिव और माता पार्वती उन पर खुष होती है। विवाहित महिलायें इस दिन व्रत व पूजा अराधना करती है, भगवान शिव उनके पति और परिवार से जुड़ी हर मनोकामना पूरी करते है। एवं उपवास रखने वाली कुंवारी कन्याओं को भगवान शिव जैसा वर मिलता है।


क्या कहना है
मेले की तैयारी पूरी तरह से किया जा चॅूका है व्यापारीयों को दुकान हेतू जगह चिन्हाकित किया गया लाईट, पानी, स्वास्थ अमले की व्यस्था किया गया है विद्युत व पुलिस स्टाफ से हर वर्ष सहयोग मिलते आता है इस वर्ष भी उनका सहयोग रहेगा।
सुजीत वर्मा नवनिर्वाचित अध्यक्ष नगर पंचायत लोरमी
मेले के लिए व्यापारियों को चिंहाकिंत कर जगह आबंटित कर दिया गया सभी जगह पर अपनी दुकाने लगाये रहे है साफ सफाई की व्यवस्था किया जा चुॅका कुण्ड की सफाई कर जल भरा दिया गया है। मेला ग्राउण्ड में लाईट की व्यवस्था किया गया है।
लालजी चंद्राकर सीएमओ नगर पंचायत लोरमी